पीरियड्स में तुलसी को छू सकते हैं? वृंदा माता की कहानी समझ लें
हर सुबह की शुरुआत तुलसी से होती है। उठते ही लोटा भरना, आँगन के उस छोटे से गमले के पास जाना, जल देना, हाथ जोड़ना, एक पत्ता प्रसाद के लिए तोड़ना – यह दिनचर्या इतनी गहरी जड़ें जमा चुकी होती है कि बिना किए दिन अधूरा लगता है। फिर एक दिन माँ या दादी की…