मधुराष्टकम केवल आठ श्लोकों का स्तोत्र है, पर इसमें एक ही शब्द बार-बार लौटता है – मधुरम्, यानी मीठा। संत वल्लभाचार्य ने इसमें श्रीकृष्ण के होंठ से लेकर उनकी हँसी, चाल, बांसुरी, यमुना की लहरें और गोपियों तक – हर छोटी-बड़ी चीज़ को मधुर बताया है। नीचे इस पूरे संस्कृत पाठ को हर श्लोक के…