राधा जी की आरती अर्थ सहित – आरती श्री वृषभानुसुता की
राधा रानी की संपूर्ण आरती – “आरती श्री वृषभानुसुता की” – यहाँ हर पद का अर्थ सहित दी गई है। यह परम्परागत पावन आरती वृन्दावन और बरसाना के मंदिरों में प्रतिदिन मंगला और संध्या आरती के समय गाई जाती है। नीचे पूरा पाठ और भावार्थ एक साथ मिलेगा। आरती श्री वृषभानुसुता की – संपूर्ण पाठ…